vishal panwar August 22, 2020


पटना: केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री अश्विनी कुमार चौबे (Ashwini Chaubey) ने कहा कि बिहार में टेस्टिंग की क्षमता को और अधिक गति प्रदान करने के लिए प्रदेश के 8 जिलों में आरटीपीसीआर लैब की स्थापना होगी. इसमें से तीन पीएम केयर्स फंड के तहत स्थापित किया जाएगा. साथ ही प्रदेश के 9 सरकारी लैब में आरटी-पीसीआर के मशीनों की संख्या भी बढ़ाई जा रही है.

केंद्रीय स्वास्थ्य राज्य मंत्री चौबे ने बताया कि बक्सर, कैमूर, बांका, नालंदा व बेतिया में स्थाई आरटीपीसीआर (RTPCR) लैब की स्थापना होगी. प्रधानमंत्री केयर फंड के तहत मोतिहारी, मुंगेर व पूर्णिया में आरटीपीसीआर लेबर स्थापित किया जाएगा. इसके लिए आईसीएमआर को निर्देशित कर दिया गया है. इन जिलों में लैब की व्यवस्था होने से प्रतिदिन टेस्टिंग की क्षमता दोगुनी हो जाएगी.

टेस्टिंग क्षमता की समीक्षा की
केंद्रीय स्वास्थ्य राज्यमंत्री चौबे ने आरटी पीसीआर से संबंधित टेस्ट को लेकर अधिकारियों के साथ समीक्षा की. बिहार में टेस्टिंग की क्षमता को बढ़ाने के लिए प्रदेश के सभी प्रमंडल को ध्यान में रखते हुए आरटी पीसीआर लैब की संख्या बढ़ाने पर चर्चा हुई.

प्रदेश के 9 सरकारी लैब में मशीनों की बढ़ाई जाएगी क्षमता
प्रदेश के 9 सरकारी लैब में आरटी पीसीआर मशीनों की संख्या भी बढ़ाई जाएगी. इससे बिहार में RTPCR से टेस्टिंग की क्षमता काफी बढ़ जाएगी. लोगों को काफी मदद मिलेगी. केंद्रीय स्वास्थ्य राज्य मंत्री चौबे ने बताया कि कोरोना के विरुद्ध जंग में बिहार लगातार बेहतर कर रहा है. 

प्रतिदिन राज्य में टेस्टिंग की संख्या तेजी से बढ़ रही है. अभी तक 23 लाख से अधिक टेस्ट हुए हैं. तेजी से प्रतिदिन इसमें बढ़ोतरी हो रही है. केंद्र ने पीएम केयर्स फंड के तहत मोतिहारी, मुंगेर व पूर्णिया में आरटी पीसीआर टेस्टिंग लैब स्थापित करने का निर्णय लिया है. 

पीएम केयर्स फंड के तहत लगाए जाएंगे 16 RTPCR
उन्होंने कहा कि पूरे देश में पीएम केयर्स फंड के तहत 16 आरटीपीसीआर लगाए जाने हैं, जिसमें सर्वाधिक 3 बिहार, उत्तर प्रदेश और असम में लगाए जा रहे हैं. झारखंड के देवघर में भी एक लैब स्थापित किया जाएगा. 

इसके साथ ही राजेंद्र मेमोरियल रिसर्च इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज, पटना में 2 आरटी पीसीआर मशीन मौजूदा समय में है. 4 और मशीन प्रस्तावित किया गया है. इसी तरह आईजीआईएमएस 2 अभी उपलब्ध है. 2 मशीन यहां बढ़ाया जॉयेगा. पटना मेडिकल कॉलेज में मौजूदा समय में 1 मशीन की व्यवस्था है. 3 अन्य मशीन प्रस्तावित किया गया है. 

इन जगहों पर है इतने मशीनों की व्यवस्था
एम्स पटना में 2 मौजूदा समय में है. 2 और मशीन बढ़ाया जॉयेगा. दरभंगा मेडिकल कॉलेज अभी 5 मशीन है. 2 की बढ़ोतरी की जायेगी. श्री कृष्ण मेडिकल कॉलेज मुजफ्फरपुर में 2 मशीन बढ़ाने का प्रस्ताव है. मौजूदा समय में दो मशीन यहां उपलब्ध है. अनुग्रह नारायण मगध मेडिकल कॉलेज गया में 2 मशीन बढ़ाया जॉयेगा. अभी 1 मशीन उपलब्ध है.  

जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज भागलपुर में 2 मशीन और बढ़ाया जाएगा. मौजूदा समय में यहां एक मशीन उपलब्ध है. जन नायक कर्पूरी ठाकुर मेडिकल कॉलेज मधेपुरा दो मशीन बढ़ाया जाएगा मौजूदा समय में यहां एक मशीन उपलब्ध है. मौजूदा समय में सभी सरकारी 9 लैब में 17 आरटीपीसीआर मशीन है. सभी में बढ़ोतरी के उपरांत 38 मशीनें हो जाएंगी.  

केंद्रीय स्वास्थ्य राज्य मंत्री चौबे ने कहा कि कोविड-19 खत्म होने के बाद भी जो आरटी पीसीआर लैब हैं, वह अन्य बीमारियों के जांच में भी उपयोगी साबित होगा. भविष्य में भी इसके माध्यम से बिहार की जनता को बेहतर जांच सुविधा की व्यवस्था मिलेंगी.





Source link

Leave a comment.

Your email address will not be published. Required fields are marked*